Department for Promotion of Industry and Internal Trade

कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न

कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न

आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) - महिलाएँ

एनसीसीबीएम में महिला कर्मचारियों के यौन उत्पीड़न की शिकायतों पर विचार करने के लिए आईसीसी-एसएचडब्ल्यू का गठन

नेशनल कमीशन फॉर विमेन के निर्देशों और माननीय सुप्रीम कोर्ट के 13 अगस्त, 1997 के विशाखा और अन्य बनाम राजस्थान राज्य और अन्य के मामले में दिए गए फैसले के निर्देशों को लागू करने के लिए जारी की गई गाइडलाइंस के पालन में, इस डिपार्टमेंट ने साइंस एंड टेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट में काम करने वाली महिलाओं के यौन उत्पीड़न की शिकायतों पर विचार करने के लिए विधिवत एक शिकायत समिति का गठन किया था। मौजूदा चेयरपर्सन/सदस्य के ट्रांसफर वगैरह के बाद शिकायत समिति की संरचना में बदलाव किया गया। डिपार्टमेंट में इस समिति का 2 जून 2025 को महिला कर्मचारियों के यौन उत्पीड़न की शिकायतों पर विचार करने के लिए फिर से गठन किया गया है। एक्ट और नियमों, आईसीसी की भूमिका, कार्यों वगैरह से संबंधित विवरण नीचे दिए गए हैं:

क्रम संख्याशीर्षकविवरण
1कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम और नियम 2013Download
2कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न पर हैंडबुकDownload
3आंतरिक शिकायत समिति की संरचना-राष्ट्रीय सीमेंट एवं भवन सामग्री परिषद् और संपर्क विवरणDownload
4कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग का ऑफिस मेमोरेंडम, तारीख 01 नवंबर 2017, ऑनलाइन शिकायत प्रबंधन प्रणाली जिसका नाम "यौन उत्पीड़न इलेक्ट्रॉनिक बॉक्स (एसएचई-बॉक्स)" है, के संबंध में”Download

शिकायत प्रक्रिया:

महिलाओं के खिलाफ यौन उत्पीड़न की शिकायत एनसीसीबीएम के आईसीसी को लिखित रूप में की जा सकती है। कानून के अनुसार, पीड़ित महिला घटना की तारीख से तीन महीने के अंदर और अगर घटनाओं की एक सीरीज़ है, तो आखिरी घटना की तारीख से तीन महीने के अंदर कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न की लिखित शिकायत आईसीसी या एलसीसी (अगर शिकायत मालिक के खिलाफ है) को कर सकती है। कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) नियम, 2013 के अनुसार, अगर पीड़ित महिला अपनी शारीरिक अक्षमता के कारण शिकायत करने में असमर्थ है, तो उसकी सहमति से उसके रिश्तेदार या दोस्त या सहकर्मी या राष्ट्रीय महिला आयोग या राज्य महिला आयोग के किसी अधिकारी या घटना की जानकारी रखने वाला कोई भी व्यक्ति शिकायत दर्ज कर सकता है। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने 24 जुलाई, 2017 को कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से संबंधित शिकायतें दर्ज करने के लिए 'यौन उत्पीड़न इलेक्ट्रॉनिक-बॉक्स (शी-बॉक्स)' नाम का एक ऑनलाइन शिकायत प्रबंधन सिस्टम लॉन्च किया। शी-बॉक्स एक ऐसी पहल है जो केंद्र सरकार के किसी भी ऑफिस (केंद्रीय मंत्रालय, विभाग, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, स्वायत्त निकाय और संस्थान आदि) में काम करने वाली या आने वाली महिलाओं को कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 के तहत कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से संबंधित शिकायतें दर्ज करने के लिए एक प्लेटफॉर्म प्रदान करती है। एक बार जब शी-बॉक्स में शिकायत सबमिट हो जाती है, तो उसे सीधे संबंधित मिनिस्ट्री/डिपार्टमेंट/पीएसयू/ऑटोनॉमस बॉडी वगैरह की इंटरनल कम्प्लेंट कमेटी (आईसीसी) को भेजा जाएगा, जिसके पास शिकायत की जांच करने का अधिकार क्षेत्र है। शी-बॉक्स शिकायतकर्ता और नोडल प्रशासनिक अथॉरिटी दोनों को आईसीसी द्वारा की गई जांच की प्रोग्रेस को मॉनिटर करने का मौका भी देता है।

यहां क्लिक करें - शी-बॉक्स – ऑनलाइन शिकायत प्रबंधन प्रणाली

आंतरिक शिकायत समिति की संरचना - महिलाएँ (एनसीसीबीएम की आईसीसी-एसएचडब्ल्यू)

क्रम संख्यानामपदफ़ोन नंबरईमेल आईडी
1डॉ. वर्षा लिजू, ग्रुप मैनेजर, लेवल-12अध्यक्ष0129-2666819varsha.liju@ncbindia.com
2श्री अरूप घटक, समूह प्रबंधक, लेवल-12सदस्य0129-2666672arup.ghatak@ncbindia.com
3श्रीमती कल्पना शर्मा, वरिष्ठ सहायक, लेवल-6सदस्य0129-2666848kalpna.sharma@ncbindia.com
4श्रीमती विधु ग्रोवर, 'प्रयास' सोशल वेलफेयर सोसाइटी, फरीदाबाद की गवर्निंग बॉडी की सदस्यसदस्य9910537171vidhu.grover@yahoo.in
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